एै खुदा तेरे और करीब, ae khuda tere aur kareeb
जहां से मैं तुझे देख सकूं जहां से मैं तुझे सुन सकूँ – 2
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ –
जहां से मैं तुझे छू सकूं जहां से मैं तुझे पा सकूँ – 2
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ – 4 – 6
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ – 2
(1)
जहां से मैं तुझे देख सहूँ, जहां से मैं तुझे सुन सकूँ – 2
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ – 2
(2)
जहां से मैं तुझे पा सकूँ, जहां से मैं तुझे छु सकूँ – 2
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ – 2
(3)
जहां से मैं जीवन पाऊँ, जहां से मैं ज्योति पाऊँ – 2
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ – 2
(4)
एै यीशु तेरे और करीब, अब भी मैं आना चाहता हूँ – 2
एै खुदा तेरे और करीब, आज मैं आना चाहता हूँ – 4 – 6
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