Mitaan मितान
तय मोर जान प्रभु ,तही मोर मितान प्रभु
तोर संग हे जिनगी बिताना*
ए प्रभु... जिनगी के तही मोर ठिकाना
संग कभू छोड़य नहीं मूख कभू मोड़य नहीं -2
अइसे ही साथ निभाना
ए प्रभु....
बन गे हस तही मोर ठिकाना - 2
1. धीरे धीरे जीनगी म तै मोर आए
जिन्गी ल मोर अपन मया से सजाए - 2
खोए पहिचान दिलाए
अपना रद्दा म चलाए
भूलगे हव जम्मो जमाना
ए प्रभु
बन गे हस तही मोर ठिकाना -
तय मोर जान प्रभु तही मोर मितान प्रभु........
2. मां के ग़रभ ले चुन ले हस मोला
कईसे मैं छोड़व प्रभु जीनगी म तोला
उंगली धरके तय चलाना
गिर जाहु त तै उठाना
चाहे रूठे दुनिया जमाना
ए प्रभु
तोर संग हे जिनगी बिताना..
..2
तय मोर जान प्रभु ....2
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